आवास निर्माण में लापरवाही पर प्रशासन सख्त: 60 हितग्राहियों को 15 दिन का अल्टीमेटम, राशि वसूली की चेतावनी
बेमेतरा/साजा, 07 मई 2026: प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के क्रियान्वयन में सुस्ती बरतने वाले हितग्राहियों पर अब प्रशासन ने अपना चाबुक चला दिया है। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) साजा ने निर्माण कार्य में रुचि न लेने वाले 60 हितग्राहियों को अंतिम चेतावनी देते हुए 15 दिनों के भीतर कार्य पूर्ण करने का सख्त अल्टीमेटम जारी किया है।
राशि ली पर नहीं बनाया घर: एसडीएम ने ली पेशी
हाल ही में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान उन 60 हितग्राहियों की पेशी ली गई, जिन्होंने शासन से आवास निर्माण के लिए किश्त की राशि तो प्राप्त कर ली, लेकिन या तो काम शुरू नहीं किया या उसे बीच में ही अधूरा छोड़ दिया। एसडीएम ने कड़े लहजे में कहा कि शासन की राशि का उपयोग केवल और केवल घर बनाने के लिए होना चाहिए।
“आगामी 15 दिनों के भीतर यदि निर्माण कार्य में संतोषजनक प्रगति नहीं दिखी, तो प्रशासन नियमानुसार राशि वसूली की कार्रवाई शुरू करेगा।” > — अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), साजा
सख्ती का असर: हरदास पंचायत के हितग्राहियों ने लौटाई राशि
प्रशासन के कड़े रुख का असर अब धरातल पर दिखने लगा है। ग्राम पंचायत हरदास के 5 ऐसे हितग्राही, जो किन्हीं व्यक्तिगत कारणों से घर बनाने में असमर्थ थे, उन्होंने स्वेच्छा से शासन की राशि वापस करने का निर्णय लिया है।
- ईमानदारी की मिसाल: हरदास के ही एक हितग्राही ने ईमानदारी दिखाते हुए प्राप्त राशि सरकारी खाते में वापस जमा भी कर दी है, जिसकी प्रशासनिक अधिकारियों ने सराहना की है। अन्य 4 हितग्राहियों ने भी राशि वापसी हेतु अपना सहमति पत्र विभाग को सौंप दिया है।
राजस्व टीम करेगी निगरानी और सत्यापन
एसडीएम ने स्पष्ट किया है कि प्रधानमंत्री आवास योजना गरीबों को छत मुहैया कराने की एक महत्वाकांक्षी योजना है और इसमें किसी भी तरह का भ्रष्टाचार या राशि का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
- निगरानी: राजस्व विभाग की टीम को गांव-गांव जाकर भौतिक सत्यापन करने के निर्देश दिए गए हैं।
- प्राथमिकता: प्रशासन का मुख्य लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी धन का सदुपयोग हो और वास्तविक पात्र लोगों को ही इसका लाभ मिले।
अपील: दंडात्मक कार्रवाई से बचें
अधिकारियों ने सभी लंबित आवास वाले हितग्राहियों से अपील की है कि वे जल्द से जल्द अपने सपनों का घर पूर्ण करें। इससे न केवल उन्हें योजना का पूरा लाभ मिलेगा, बल्कि वे भविष्य में होने वाली किसी भी कानूनी या दंडात्मक कार्रवाई से भी सुरक्षित रहेंगे। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि आगामी दिनों में भी इस प्रकार की सतत समीक्षा जारी रहेगी।
