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29/05/2026

​वीर सावरकर जयंती पर आईटीआई बेरला में गूंजा ‘राष्ट्र प्रथम’ का संदेश, युवाओं ने लिया देश सेवा का संकल्प

बेमेतरा, 29 मई 2026:

शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) बेरला में महान स्वतंत्रता सेनानी, प्रखर राष्ट्रवादी चिंतक एवं समाज सुधारक विनायक दामोदर सावरकर की जन्म जयंती के अवसर पर एक गरिमामय एवं प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ‘मेरा युवा भारत’ (MY Bharat) तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में संस्थान के अधिकारियों, कर्मचारियों और बड़ी संख्या में प्रशिक्षणार्थियों ने हिस्सा लिया और ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना को आत्मसात करने का संकल्प लिया।

​माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन से शुभारंभ

​समारोह की शुरुआत मां भारती और वीर सावरकर के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। देशभक्ति के रंगों से सजे कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित युवाओं में देश सेवा का जबरदस्त उत्साह देखने को मिला।

​”युवाओं के प्रेरणास्रोत हैं वीर सावरकर”

​कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आईटीआई बेरला के सुपरिटेंडेंट श्री एस.के. साहू ने कहा:

​”वीर सावरकर का जीवन अदम्य साहस, राष्ट्रभक्ति और संघर्ष का अनुपम उदाहरण है। उनका फौलादी संकल्प, त्याग और समर्पण आज भी नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है। यह आयोजन युवाओं में राष्ट्र प्रथम की भावना को जागृत करने वाला एक अत्यंत सार्थक प्रयास है।”

​काला पानी की यातनाओं और सामाजिक योगदान पर चर्चा

​संस्थान के ट्रेनिंग ऑफिसर्स श्री बी.पी. देवांगन, श्री मनीष वर्मा, श्री प्रेम सागर नायक, श्री चंद्रभूषण यादव, श्री रेवेन्द्र वर्मा एवं श्री सौरभ अग्रवाल ने भी अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने वीर सावरकर द्वारा स्वतंत्रता आंदोलन में दिए गए योगदान, अंडमान की सेल्युलर जेल (काला पानी) में झेली गई कठोर यातनाओं और सामाजिक समरसता के लिए किए गए कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से अपनी तकनीकी दक्षता को ‘आत्मनिर्भर भारत’ के लक्ष्य से जोड़ने का आह्वान किया।

​इसके साथ ही गेस्ट लेक्चरर्स श्री प्रेम परितोष, श्री नीलम कुमार वर्मा एवं श्री थामेश देशमुख ने युवा शक्ति को देश की सबसे बड़ी पूंजी बताते हुए कहा कि यदि युवा अनुशासन, कौशल और राष्ट्रभक्ति के साथ आगे बढ़ें, तो देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाया जा सकता है।

​देशभक्ति के माहौल में गूंजे गगनभेदी नारे

​समारोह के दौरान प्रेरणादायी व्याख्यान और राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत विभिन्न प्रस्तुतियां दी गईं, जिससे पूरा परिसर देशभक्ति के माहौल से सराबोर हो गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान तथा “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के गगनभेदी नारों के साथ हुआ। संस्थान प्रबंधन ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और प्रशिक्षणार्थियों को बधाई दी।

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