नाबालिगों को वाहन देना पड़ेगा भारी: बेमेतरा पुलिस का विशेष अभियान, अभिभावकों को दी गई सख्त चेतावनी
मुख्य बिंदु:
- पुलिस अधीक्षक श्री त्रिलोक बंसल (IPS) के निर्देशन में बेमेतरा जिले में सड़क सुरक्षा और विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
- यातायात, परिवहन एवं शिक्षा विभाग की संयुक्त टीम द्वारा स्कूलों और कॉलेजों के आसपास लगातार पेट्रोलिंग की जा रही है।
- वाहन चलाते पकड़े गए नाबालिगों के अभिभावकों को यातायात कार्यालय बुलाकर समझाइश दी गई तथा उनका रिकॉर्ड दर्ज किया गया।
- मोटर वाहन अधिनियम की धारा 199-ए के तहत अभिभावकों को 3 वर्ष तक का कारावास और ₹25,000 तक का जुर्माना हो सकता है।
बेमेतरा, 29 जुलाई 2026:
बेमेतरा जिले में पुलिस अधीक्षक श्री त्रिलोक बंसल (IPS) के मार्गदर्शन में सड़क सुरक्षा और विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर बेमेतरा पुलिस बेहद सक्रिय नजर आ रही है। जिले में यातायात, परिवहन एवं शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में नाबालिग वाहन चालकों के विरुद्ध एक विशेष अभियान की शुरुआत की गई है। इस अभियान के तहत स्कूलों, कॉलेजों और सार्वजनिक स्थानों पर लगातार पेट्रोलिंग के साथ-साथ जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं।
अधिकारियों के मार्गदर्शन में संयुक्त कार्रवाई
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हरीश कुमार यादव, डीएसपी (मुख्यालय) श्री राजेश कुमार झा, एसडीओपी बेमेतरा श्री भुषण एक्का, एसडीओपी बेरला श्रीमती रूचि वर्मा, डीएसपी श्रीमती कौशिल्या साहू एवं श्रीमती शशिकला उईके के मार्गदर्शन में आज दिनांक 29 जुलाई 2026 (बुधवार) को एक विशेष कार्रवाई की गई।
जिला परिवहन अधिकारी के.एल. महौर, यातायात प्रभारी रक्षित निरीक्षक प्रवीण खलखो, जिला शिक्षा अधिकारी अभय जायसवाल तथा परिवहन एवं यातायात विभाग की संयुक्त टीम ने वाहन चलाते पाए गए नाबालिगों के अभिभावकों को यातायात कार्यालय तलब किया। अधिकारियों ने अभिभावकों को समझाइश देते हुए उनका नाम-पता दर्ज किया और स्पष्ट चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसा पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मोटर वाहन अधिनियम की कड़े प्रावधानों की जानकारी
यातायात पुलिस ने जानकारी दी कि अभिभावक या वाहन मालिक द्वारा किसी नाबालिग को वाहन चलाने की अनुमति देना मोटर वाहन अधिनियम की धारा 199-ए के तहत एक गंभीर और दंडनीय अपराध है। इस नियम के उल्लंघन पर निम्नलिखित कठोर कार्रवाई का प्रावधान है:
- तीन वर्ष तक का कारावास की सजा।
- ₹25,000 तक का भारी जुर्माना।
- संबंधित नाबालिग को 25 वर्ष की आयु तक नया ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने पर प्रतिबंध।
- वाहन का रजिस्ट्रेशन (RC) 12 महीने के लिए रद्द किया जाना।
विद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन
अभियान के तहत शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बेमेतरा सहित जिले के विभिन्न विद्यालयों में विशेष सत्र आयोजित किए गए। विद्यार्थियों को यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने, ड्राइविंग लाइसेंस प्राप्त करने से पहले वाहन न चलाने और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। इसके साथ ही विद्यार्थियों को हेलमेट पहनने के लिए प्रोत्साहित किया गया तथा साइबर सुरक्षा, नशामुक्ति और सामाजिक जागरूकता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तृत जानकारी दी गई।

