बेमेतरा में नशा मुक्ति के लिए व्यापक अभियान: स्कूलों और पंचायतों में आयोजित किए गए जागरूकता शिविर
बेमेतरा, 27 जून 2026 – राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) की ‘DAWN’ (ड्रग अवेयरनेस एंड वेलनेस नेविगेशन) योजना के तहत, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बेमेतरा द्वारा नशीले पदार्थों के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के विरुद्ध एक वृहद जागरूकता अभियान चलाया गया। छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के निर्देशानुसार और प्रधान जिला न्यायाधीश श्रीमती सरोजनंद दास के मार्गदर्शन में आयोजित इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य युवाओं और आम नागरिकों को नशे के दुष्प्रभावों से बचाना है।
नशे के दुष्परिणामों से किया जागरूक
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव, श्रीमती स्वर्णलता ओम यादव ने लोलेसरा, सिंघौरी, कोबिया के स्कूलों सहित कुसमी, बहेरा, पीपरभट्ठा, अमोरा और साजा तालुका के माटरा ग्राम पंचायत में आयोजित कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों और उपस्थित ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य के लिए घातक है, बल्कि यह परिवार और समाज की नींव को भी खोखला कर देता है। उन्होंने नशे के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक दुष्प्रभावों पर विस्तार से चर्चा की।

युवाओं से नशा मुक्त समाज के निर्माण की अपील
शिविर में विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने का संकल्प दिलाया गया। श्रीमती यादव ने युवाओं से आह्वान किया कि वे न केवल स्वयं नशामुक्त रहें, बल्कि अपने आसपास के लोगों को भी इसके प्रति जागरूक कर एक स्वस्थ समाज के निर्माण में भागीदार बनें। शिविर में अवैध मादक पदार्थों की रोकथाम, स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने और कानून द्वारा प्रदान की गई विधिक सहायता की जानकारी भी साझा की गई।
अंतर्राष्ट्रीय दिवस पर विशेष पहल
ज्ञात हो कि 26 जून को ‘मादक पदार्थों के दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी के विरुद्ध अंतर्राष्ट्रीय दिवस’ मनाया गया। इसी उपलक्ष्य में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकार मित्रों ने जिले के विभिन्न स्थानों पर सघन जागरूकता गतिविधियां संचालित कीं। इस पूरे अभियान को सफल बनाने में महिला एवं बाल विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग, चाइल्ड हेल्पलाइन के पदाधिकारी और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की पूरी टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
